महिलाएं बना रही हैं गाय के गोबर के दीये व ग्रीन पटाखे

Popular (Rashtra Pratham) :- मुरादाबाद (उप्र) में महिलाएं सुतली बम और राकेट जैसी चाकलेट बना रही हैं। इसमें वे हल्दी और केसर भी मिला रही हैं। जयपुर, रायपुर जैसे अनेक शहरों में बड़े पैमाने पर गोबर के दीये बन रहे हैं ताकि अयोध्या, बनारस जैसे धार्मिक-सांस्कृतिक शहरों को इकोफ्रेंडली तरीके से जगमगाया जा सके। कहीं कोई महिला अपने घर को हरे-भरे पौधों से सजाने को आतुर है और रंगबिरंगे फूलों का बगीचा तैयार कर रही है तो कहीं किसी ने अपने प्रियजनों को तोहफे के तौर पर हैंडलूम ही देने की ठानी है।ग्रीन पटाखों के व्यापार में भी महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है।

ग्रीन दीवाली, क्लीन दीवाली, इको फ्रेंडली दीवाली जैसे शब्द आज समय की मांग है और महिलाएं इस तरीके से दीवाली मनाने के प्रति काफी गंभीर नजर आ रही हैं। जो महिलाएं दीवाली के लिए प्रोडक्ट बना रही हैं वे एक तरफ जहां आत्मनिर्भर बन रही हैं, वहीं दूसरी तरफ पर्यावरण बचाने की भी पुरजोर कोशिश कर रही हैं। इतना ही नहीं, स्वदेशी उत्पादों को बाजार में लाकर देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती दे रही हैं।