रायपुर। कांग्रेस की छात्र इकाई भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) ने कथित ‘टूलकिट’ मामले में ‘जालसाजी’ का आरोप लगाते हुए भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह के खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज कराया है। इन नेताओं के खिलाफ एआईसीसी अनुसंधान विभाग का ‘‘फर्जी’’ लेटरहेड बनाने और ‘‘झूठी एवं मनगढंत’’ सामग्री छापने के आरोप में शिकायत दर्ज कराई गई है। एनएसयूआई के राज्य प्रमुख आकाश शर्मा की शिकायत पर सिविल लाइंस पुलिस थाने में ‘‘फर्जी खबरें फैलाने’’ और ‘‘समूहों के बीच शत्रुता को बढ़ावा देने’’ का मामला दर्ज कराया गया है।
शर्मा ने आरोप लगाया कि इस फर्जी सामग्री को प्रसारित करने का मकसद कोरोना वायरस वैश्विक महामारी के दौरान लोगों की मदद करने में मोदी सरकार की नाकामी से ध्यान भटकाना है। भारतीय दंड संहिता की धाराओं 469 (प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से जालसाजी), 504 (शांति भंग करने के इरादे से जानबूझकर अपमान करना), 505 (1) (बी) (भय पैदा करने के इरादे से अफवाह फैलाना) के तहत मामला दर्ज किया गया है। इस बीच, भाजपा की राज्य इकाई ने कहा कि प्राथमिकी दर्ज कराके अपनी प्रतिष्ठा बचाने की कांग्रेस की कोशिश नाकाम रहेगी। इस बीच, दिल्ली में एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीरज कुंदन ने बताया कि उनके संगठन की छत्तीसगढ़ इकाई ने रायपुर में पात्रा और रमन सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है।