नेपाल की राष्ट्रीय प्रजातंत्र पार्टी से प्रतिनिधि सभा के सदस्य ताहीर अली भाट कहते हैं कि यदि चीन समय रहते सूचना दे देता तो देश में मची तबाही कम हो सकती थी, लोगों की जानें बचाई जा सकती थीं। अमर उजाला से विशेष बातचीत में मंगलवार को उन्होंने कहा कि चीन की ओर से सूचना और चेतावनी तंत्र में हुई संभावित चूक का मुद्दा संसद में उठेगा।
उन्होंने कहा कि यह समय पक्ष और विपक्ष में बंटने का नहीं, बल्कि एकजुट होकर आपदा का सामना करने का है। सांसद ने बताया कि संसद में करीब तीन घंटे तक जलप्रलय और उसके कारणों पर चर्चा हुई। सभी की नजर जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभाव पर है। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी त्रासदियों से बचने के लिए नेपाल को इस घटना से सीख लेकर ठोस तैयारी करनी होगी।
सांसद ने कहा कि अब तक करीब एक हजार से अधिक लोगों की मौत की सूचना है, जबकि करीब पांच हजार लोग लापता बताए जा रहे हैं। उन्होंने आशंका जताई कि आने वाले दिनों में मृतकों और लापता लोगों का आंकड़ा और बढ़ सकता है। बड़ी संख्या में लोगों के बारे में अभी तक कोई जानकारी नहीं मिल पाई है।