कोरोना वायरस महामारी को लेकर हर दिन नए अध्यन हो रहे हैं। एक नए अध्ययन में ये बात सामने आई कि मोनोक्लोनल एंटीबाडी-ड्रग काकटेल कोविड 19 डेल्टा वैरिएंट के मरीज के इलाज और इस वायरस से मौत के खतरे से 100 प्रतिशत सुरक्षित देती है। मोनोक्लोनल एंटीबाडी-ड्रग काकटेल ने कोविड -19 के चमत्कारिक इलाज विश्व भर के डॉक्टरों को आकर्षित किया है। जब इसे पूर्व-अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर अजमाया गया था तब ये प्रारंभिक वैज्ञानिक प्रमाण पर्याप्त नहीं हुए थे। कुछ अध्ययन ऐसे थे जिन्होंने इसकी प्रभावशीलता को दिखाया लेकिन दुनिया भर में कोविड 19 के डेल्टा वैरिएंट पर कोई अध्ययन नहीं किया गया था।एआईजी हॉस्पिटल्स ने एशियन हेल्थकेयर फाउंडेशन, सीसीएमबी हैदराबाद और इंस्टीट्यूट ऑफ लाइफ साइंसेज के साथ मिलकर यह साबित कर दिया है कि मोनोक्लोनल थेरेपी कोविड 19 के डेल्टा वेरिएंट से संक्रमित उच्च जोखिम वाले व्यक्तियों में गंभीर बीमारी और मृत्यु को 100 प्रतिशत तक कम करती है। डेल्टा वैरिएंट जो कोरोना वायरस का सबसे खराब वैरिएंट है, किसी भी अन्य प्रकार की तुलना में बहुत तेजी से बढ़ता है और जान के लिए खतरा बन जाता है।